आत्मनिर्भर खबर डॉट कॉम / हेल्थ डेस्क : दिल की सेहत के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए हर साल 29 सितंबर को वर्ल्ड हार्ट डे (World Heart Day) मनाया जाता है. इस दिन को मनाने का मकसद दिल की सेहत के प्रति लोगों में जागरूकता फैलाना है. वर्ल्ड हार्ट फेडरेशन के अनुसार, दिल से जुड़ी बीमारियों की वजह से पूरी दुनिया में हर साल 18. 6 मिलियन लोगों की मौत हो जाती है. दुनियाभर में होने वाली मौतों का ये सबसे बड़ा कारण बनता जा रहै.
35 साल से कम उम्र के युवाओं में भी खराब लाइफस्टाइल और खान पान की आदतों की वजह से हृदय रोगों और हार्ट अटैक का खतरा बढ़ गया है. पिछले 5 साल में हृदय रोगों के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी है. इनमें से ज्यादातर लोग 30-50 साल आयु वर्ग के पुरुष और महिलाएं हैं.
दिल से जुड़ी बीमारियों के कारण हर साल सबसे ज्यादा मौतें होती हैं. इसकी वजह ये है कि ज्यादातर लोग इस सामान्य लक्षणों पर गौर नहीं करते और आगे चलकर ये समस्या घातक रूप लेती है. आइए जानें कि किन लक्षणों पर आपको गौर करना चाहिए-
सीने में दर्द
कई बार लोग सीने में दर्द को गैस या एसिडिटी का लक्षण मान लेते हैं. ऐसे में वो इसे गंभीरता से नहीं लेते. डॉक्टरों के मुताबिक, सीने में दर्द को कभी हल्के में न लें या अनदेखा न करें. अगर छाती में दर्द या दबाव जैसा महसूस हो तो ये हार्ट अटैक का संकेत भी हो सकता है. ऐसे में तुरंत अपने डॉक्टर से सलाह लें. आर्टरी में ब्लॉकेज भी सीने में दर्द की वजह हो सकती है.

चक्कर आना
चक्कर आना या आंखों के सामने अंधेरा छा जाना लो ब्लड प्रेशर के लक्षण हो सकते हैं. लो ब्लड प्रेशर में शरीर में ब्लड फ्लो कम होने लगता है और इससे खून हार्ट तक सही तरीके से नहीं पहुंच पाता. ये हार्ट अटैक
के खतरे को बढ़ाता है.
गले और जबड़े में दर्द
अगर सीने का दर्द, गले और जबड़े तक फैलता है तो ये हार्ट अटैक के शुरुआती लक्षण हो सकते हैं. बहुत ज्यादा पसीना आना भी हार्ट अटैक का लक्षण हो सकता है. जब हार्ट सही तरीके से ब्लड को पंप नहीं कर पाता तो इससे बहुत ज्यादा पसीना आता है.
उल्टी आना या गैस की समस्या
उल्टी आने की समस्या आपको कई वजहोंं से हो सकती है, लेकिन कई मामलों में ये हार्ट अटैक के शुरुआती लक्षण भी हो सकते हैं.
पैरों में सूजन
पैरों, टखनों या तलवों में सूजन भी हार्ट अटैक के लक्षण हो सकते हैं. जब ब्लड का सर्कुलेशन ठीक तरह से नहीं होता और हार्ट तक ब्लड नहीं पहुंचता, इससे सूजन की समस्या हो सकती है.
कोलेस्ट्रॉल
नियमित रूप से कोलेस्ट्रॉल की जांच कराएं. हाई कोलेस्ट्रॉल लेवल भी हृदय रोगों के खतरे को बढ़ा देता है. कोलेस्ट्रॉल लेवल को ठीक रखने के लिए डाइट में साबुत अनाज, हरी सब्जियां और फलों को शामिल करें.
हाई ब्लड प्रेशर
अगर आपको हाई ब्लड प्रेशर की समस्या है तो हर 15 दिन में ब्लड प्रेशर चेक कराएं. ब्लड प्रेशर का कंट्रोल में न होना हार्ट अटैक के खतरे को बढ़ा देता है.
हाई ब्लड शुगर
हाई ब्लड शुगर से भी हृदय रोगों का खतरा बढ़ जाता है. इससे रक्त वाहिकाएं सही तरीके से फंक्शन नहीं कर पातीं. शुगर लेवल को कंट्रोल में रखने के लिए नियमित रूप से ब्लड शुगर चेक कराएं.




















